श्रीनगर के BSF कैम्प पर फ़िदायीन हमला, 2 आतंकी ढेर। जैश – ए- मोहम्मद ने ली ज़िम्मेदारी

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श्रीनगर. यहां के 182 बटालियन बीएसएफ कैम्प पर मंगलवार तड़के करीब 4 बजे फिदायीन हमला हुआ। बताया जा रहा है कि करीब 3-4 आतंकी कैम्प की एडमिनिस्ट्रेशन बिल्डिंग के अंदर हैं। 2 आतंकी मारे गए हैं, जबकि तीन जवान जख्मी हुए हैं। अातंकी जिस बिल्डिंग में हैं उसे सेना ने घेर लिया है। दोनों ओर से फायरिंग जारी है। न्यूज एजेंसी यूएनआई के मुताबिक, जैश-ए-मोहम्मद ने हमले की जिम्मेदारी ली है। बता दें कि बीएसएफ कैम्प श्रीनगर एयरपोर्ट के नजदीक ही है। ऐसे में एहतियातन एयर ट्रैफिक और इस तरफ जाने वाली रोड को कुछ देर के लिए बंद कर दिया गया था। हालांकि, बाद में इसे खोल दिया गया। हमले पर चर्चा के लिए राजनाथ सिंह ने हाईलेवल मीटिंग बुलाई है। पहले ग्रेनेड से हमला किया…

– न्यूज एजेंसी ने ऑफिशियल सोर्स के हवाले से बताया है कि फिदायीन हमलावरों ने हमहमा के पास बीएसएफ के शिविर पर ग्रेनेड से हमला करने के बाद भारी गोलीबारी की।


– सूत्रों ने बताया कि मौके से गोलीबारी और धमाकों की आवाज सुनाई दे रही है। इस हमले में बीएसएफ के तीन जवानों के घायल होने की खबर है। हमले में किसी के मारे जाने की खबर नहीं है।
– मंगलवार को ही पुलिस ने नाथीपोरा इलाके से 5 किलो आईईडी (इंटेसिव एक्सप्लोसिव डिवाइस) जब्त की।

जैश-ए-मोहम्मद ने ली जिम्मेदारी
– पाक के आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद ने बीएसएफ कैम्प पर फिदायीन हमले की जिम्मेदारी ली है।
– हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। न्यूज एजेंसी के मुताबिक, खुद को जैश का स्पोक्सपर्सन बताने वाले शख्स ने मीडिया को फोन कर इस बात की जानकारी दी। आतंकी संगठन में आगे और हमले करने की भी बात कही है।

पुलवामा में पुलिस जवान की हत्या
– उधर, जम्मू-कश्मीर में पुलवामा जिले के अवंतीपुरा में आतंकियों ने एक पुलिस जवान की हत्या कर दी।
– न्यूज एजेंसी ने पुलिस के हवाले से बताया कि आशिक अहमद मुंशी इलाके में स्थानीय पुलिस स्टेशन में तैनात थे। घटना सोमवार रात की
है।
– आशिक अहमद उस वक्त श्रीनगर से 30 किलोमीटर दूर अवंतीपोरा के पड़गांमपोरा से एक शादी समारोह में शामिल होकर लौट रहे थे।

उड़ी हमले में 20 जवान शहीद हुए थे
– 18 सितंबर, 2016 को उड़ी के आर्मी ब्रिगेड के हेडक्वार्टर पर भी 4 आतंकियों ने हमला किया था। उस वक्त जवान सो रहे थे। हमले में 20 जवान शहीद हो गए थे। चारों आतंकियों को मार गिराया गया था।
– इसके बाद 28-29 सितंबर की दरमियानी रात कमांडोज ने पीओके में घुसकर आतंकियों के कैंप पर सर्जिकल स्ट्राइक किया था। इसमें करीब 50 आतंकी मारे गए थे।

सोमवार को मारे गए थे 5 आतंकी
– आर्मी ने कश्मीर में लाइन ऑफ कंट्रोल (एलओसी) पर सोमवार को घुसपैठ की कोशिश कर रहे 5 आतंकियों को मार गिराया था। ये घुसपैठ बारामुला जिले के रामपुर सेक्टर और कुपवाड़ा जिले के तंगधार सेक्टर में की जा रही थी। आतंकियों के पास से हथियार और गोला-बारूद बरामद किया गया था।
– उधर, पुंछ के केरनी और दिगवार सेक्टर में पाक की ओर से सीजफायर वॉयलेशन किया गया। इस गोलीबारी में दो बच्चों की मौत हो गई थी। इनमें एक नौ साल का लड़का और लड़की शामिल थी। वहीं, 9 लोग जख्मी हो गए थे।
– इससे पहले उड़ी के जोरावर इलाके में 26 सितंबर को सिक्युरिटी फोर्स ने घुसपैठ की कोशिश को नाकाम कर दिया था। फोर्स ने एनकाउंटर में एक आतंकी को भी मार गिराया।

30 जुलाई से 24 सितंबर तक 19 आतंकी मारे
– अगस्त:पूरे महीनेभर में 6 बार अलग-अलग इलाकों में एनकाउंटर हुआ। इसमें 12 अातंकी मारे गए। 2 जवान शहीद हुए।
– सितंबर:उड़ी में हो रहे एनकाउंटर को मिलाकर इस महीने में अब तक 4 आतंकी मारे जा चुके हैं। 2 सितंबर को कुलगाम में एनकाउंटर में सिक्युरिटी फोर्सेस ने लश्कर-ए-तैयबा के आतंकी इश्फाक पदेर को मार गिराया था। 9 सितंबर को घाटी में हिजबुल मुजाहिदीन का आतंकी तारिक भट मारा गया था। इसके दो दिन बाद लश्कर-ए-तैयबा के आदिल डार को हथियारों के साथ अरेस्ट किया गया था।

अगस्त में 12 आतंकियों का एनकाउंटर
– 1 अगस्त को सिक्युरिटी फोर्सेज ने पुलवामा के हाकरीपोरा में एनकाउंटर में लश्कर-ए-तैयबा के टॉप कमांडर अबु दुजाना समेत 2 आतंकियों को मार गिराया था।
– 3 अगस्त को ही कुलगाम में सिक्युरिटी फोर्सेज ने 2 आतंकियों को मार गिराया था।
– 4 अगस्त को फोर्सेस ने अनंतनाग में एनकाउंटर में यावर नाम के एक आतंकी को मार गिराया। उसने एक महीने पहले ही हिजबुल मुजाहिदीन ज्वाइन किया था।
– 5 अगस्त को सोपोर में सिक्युरिटी फोर्सेज ने एनकाउंटर में 3 आतंकियों को मार गिराया। पुलिस का एक जवान जख्मी हुआ था। फोर्सेस ने 3 एके-47 राइफलें भी बरामद की थीं।
– 13 अगस्त को शोपियां में एनकाउंटर में 3 आतंकी मारे गए थे और 2 जवान शहीद हो गए थे।