फिर लटकी सिंध जलावर्धन योजना: सड़कें खोदने और नए कनेक्शन करने की NOC नही | 

128
*#प्रदीप सिंह तोमर की रिपोर्ट*
शिवपुरी। कछुए की चाल का भी रिर्काड तोडने वाली शिवपुरी की प्यासी कंठो की लाईफ लाईन माने जानी वाली योजना की फिर लटकने की खबर आ रही है। बताया जा रहा हैं कि अमृत योजना के तहत दूसरे चरण में शहरभर में सप्लाई लाइन बिछाने का काम चल रहा है, लेकिन 115 किमी में लाइन बिछाने का काम अटका हुआ है क्यो कि ठेकेदार को 50 किमी में सीसी रोड खोदने की अनुमति नहीं दी गई है। वही बताया गया हैं कि अभी तक नपा नए कनेक्शन करने की अनुमति भी नही ला सकी हैं।
इसका खुलासा शुक्रवार को कलेक्टोरेट सभाकक्ष में हुई समीक्षा बैठक में हुआ। बैठक में सप्लाई लाइन डाल रही कंपनी जेएस बगासिया अहमदाबाद के प्रोजेक्ट इंचार्ज राकेश गिरी ने कहा कि उन्होंने सीसी रोड खोदने के लिए काफी पहले अनुमति मांगी थी, लेकिन अनुमति नहीं मिल पा रही है।

इस पर बैठक में विधायक यशोधरा राजे सिंधिया ने अधिकारियों से कहा कि लाइन बिछाई जाए, साथ ही खोदी जाने वाली सड़कों की तुरंत रिपेयरिंग की व्यवस्था भी कराएं। लाइन बिछाने के साथ घरों में नल कनेक्शन भी दिए जाएं ताकि सड़कें फिर से नहीं खोदना पड़े।

कंपनी सडके खोदगी,लेकिन सुधारेंगी नही

दरअसल, अमृत योजना के तहत सप्लाई लाइन डाल रही कंपनी को रोड खोदने की यदि मंजूरी मिल भी जाती है तो कंपनी शर्त अनुसार खुदी हुई सड़क की मरम्मत नहीं करेगी क्योंकि टेंडर में यह शर्त शामिल नहीं थी। नगर पालिका ने भी सड़क मरम्मत की कोई योजना नहीं बनाई है। यही कारण है कि रोड खोदने की अनुमति नहीं दी जा रही है।

अभी सिंध के कनेक्शनो की अनुमति नही

बैठक में यह भी सामने आया कि सप्लाई लाइन बिछाने के बाद घर-घर में नल कनेक्शन देना है, जिसके लिए सड़कें फिर से खोदना पड़ेंगी, जबकि शासन से कनेक्शन के लिए अभी मंजूरी नहीं मिल पाई है। इसी को लेकर विधायक ने कहा कि इस प्रकार योजना बनाएं कि सप्लाई डालने के साथ ही लोगों को नल कनेक्शन भी दे दिए जाएं ताकि सड़क दोबारा नहीं खोदना पड़े। इस दौरान विधायक ने कहा कि शहर की 31 सड़कों के लिए वह एकमुश्त 60 करोड़ रुपए लेकर आईं, लेकिन 15 सड़कें खोदकर छोड़ दी हैं। इस अनदेखी को लेकर विधायक अधिकारियों के इस रवैये से नाराज दिखीं।

घरों में नल कनेक्शन के लिए अलग से होगा ठेका:

शहर में अमृत योजना के तहत बिछाई जा रही सप्लाई लाइन के साथ-साथ घरों में नल कनेक्शन की मांग उठ रही है, लेकिन शासन स्तर पर मंजूरी में देरी के कारण कनेक्शन नहीं हो पा रहे हैं। बैठक में बताया गया कि नल कनेक्शन के लिए अलग से टेंडर होंगे, जिसमें तीन महीने का वक्त लग सकता है।
विधायक ने नपा सीएमओ से अपने स्तर से कनेक्शन देने की कार्रवाई करने की बात कही, लेकिन काम बड़ा होने से सीएमओ भी सही जवाब नहीं दे पाए। सीएमओ बोले कि वे ईएनसी (इंजीनियर इन चीफ) से इस बारे में बात करेंगे।